Gita Press
Rahasyamaya Pravachana - 681
Rahasyamaya Pravachana - 681
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रहस्यमय प्रवचन (पुस्तक कोड: 681), गीता प्रेस, गोरखपुर द्वारा प्रकाशित एक गूढ़, ज्ञानवर्धक और चिंतनप्रेरक पुस्तक है, जिसकी रचना पूज्य श्री जयदयाल गोयंदका जी ने की है। यह पुस्तक आध्यात्मिक जीवन से संबंधित अनेक गहन प्रश्नों और तत्त्वों पर आधारित है, जिन्हें लेखक ने स्पष्ट, सरल और तार्किक शैली में प्रस्तुत किया है।
इस ग्रंथ में आत्मा, परमात्मा, भक्ति, कर्म, वैराग्य, मोक्ष, जीवन का उद्देश्य आदि विषयों पर रहस्यमय लेकिन व्यवहारिक दृष्टिकोण से प्रकाश डाला गया है। यह पुस्तक न केवल तात्त्विक ज्ञान प्रदान करती है, बल्कि पाठक को आत्मचिंतन और ईश्वर-प्राप्ति की दिशा में अग्रसर भी करती है। विशेष रूप से उन जिज्ञासु साधकों के लिए यह ग्रंथ अत्यंत उपयोगी है, जो आध्यात्मिक रहस्यों को समझकर जीवन को सार्थक बनाना चाहते हैं।
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