Gita Press
Sachchi Salaha (Parmarth-Patravali Bhag-2) - 278
Sachchi Salaha (Parmarth-Patravali Bhag-2) - 278
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सच्ची सलाहा (परमार्थ-पत्रावली भाग-2) — (पुस्तक कोड: 278), गीता प्रेस, गोरखपुर द्वारा प्रकाशित एक अत्यंत प्रेरणादायक और मार्गदर्शक पुस्तक है, जिसके लेखक हैं पूज्य श्री जयदयाल गोयंदका जी। यह पुस्तक उनके द्वारा लिखे गए चयनित पत्रों का संग्रह है, जो साधकों, गृहस्थों और जिज्ञासुओं को आध्यात्मिक मार्ग पर सही दिशा देने के उद्देश्य से लिखे गए थे।
इस भाग में विशेष रूप से जीवन के विविध पहलुओं — जैसे धर्म, भक्ति, आत्मसाधना, वैराग्य, सत्संग, तथा ईश्वर के प्रति समर्पण — पर गूढ़ किंतु सरल भाषा में सलाह दी गई है। ये पत्र न केवल आध्यात्मिक ज्ञान से ओतप्रोत हैं, बल्कि व्यवहारिक जीवन में भी संतुलन और शांति स्थापित करने की प्रेरणा देते हैं। यह पुस्तक उन पाठकों के लिए विशेष रूप से उपयोगी है जो ईश्वर प्राप्ति की सच्ची चाह रखते हैं और जीवन में विवेकपूर्ण निर्णय लेना चाहते हैं।
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