Gita Press
Shrimad Bhagvad Gita-Tattvavivecani (English Commentary) - 457
Shrimad Bhagvad Gita-Tattvavivecani (English Commentary) - 457
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श्रीमद्भगवद्गीता — तत्त्वविवेचनी (अंग्रेज़ी भाष्य) (पुस्तक कोड: 457), गीता प्रेस, गोरखपुर द्वारा प्रकाशित यह पुस्तक पूज्य श्री जयदयाल गोयंदका जी की प्रसिद्ध हिन्दी व्याख्या "तत्त्वविवेचनी" का अंग्रेज़ी अनुवाद है। इसमें गीता के संस्कृत श्लोकों के साथ शब्दार्थ, अंग्रेज़ी अनुवाद और गूढ़ तात्त्विक अर्थों की स्पष्ट एवं सरल व्याख्या दी गई है।
यह पुस्तक उन पाठकों के लिए विशेष रूप से उपयोगी है जो गीता के आध्यात्मिक ज्ञान को अंग्रेज़ी भाषा में पढ़ना और समझना चाहते हैं, लेकिन साथ ही पारंपरिक भारतीय दृष्टिकोण को भी बनाए रखना चाहते हैं। इसमें गीता के मूल तत्त्व — जैसे कर्मयोग, भक्तियोग, ज्ञानयोग, आत्मसाक्षात्कार और ईश्वर-समर्पण — को तर्कसंगत और आध्यात्मिक दृष्टि से स्पष्ट किया गया है। यह अंग्रेज़ी भाषी साधकों के लिए गीता को आत्मसात करने का श्रेष्ठ माध्यम है।
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